KAAL SARP YOG

काल सर्प योगों के प्रकार एवं उनके परिणाम

प्राचीन विद्वानों ने 12 प्रकार के काल सर्प योगों का विश्लेषण किया है । जिनके परिणाम निम्नलिखित हैं ।

  1. अनंत कालसर्प योग – लग्न से सप्तम स्थान तक होने वाले कालसर्प योग को अनंत कालसर्प योग कहते हैं ।

परिणाम (अ) – जातक को जीवन में मानसिक शांति नहीं मिल सकती है । सदैव ही अशांत क्षुब्ध, परेसान व् अस्थिर रहेगा ।

   (आ) – जातक दुर्बुधि, प्रपंची, चालबाज, झूंठ बोलने वाला, षड्यंत्र में फसने वाला होगा ।

  (इ) – जातक जीवन भर थानों, कोट, कचहरी के चक्कर कटता रह सकता है ।

  (ई) – जातक बार-बार, पलट-पलट कर व्यवसाय करेगा और बार-बार हानि उठायेगा ।

  (उ) – जातक को अपनी पद प्रतिष्ठा सभालने के लिए अधिक संघर्ष करना पड़ सकता है ।

  (ऊ) – जातक का ग्रहस्त जीवन शुन्यवत रह सकता है ।

Author: Good luck

this is an information site. you can increase your knowledge by this site.

Leave a Reply